IRNSS-1G का इसरो ने किया सफल प्रशिक्षण, मोदी ने कहा अपनी मंजिल खुद तय करेंगे

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इसरो ने सफलता की नई उड़ान भरते हुए आज अपने IRNSS-1G का सफल प्रशिक्षण किया। भारत के लिए यह बड़ी सफलता है, IRNSS-1G के सफल प्रशिक्षण के बाद भारत अब रूस और अमेरिका की लाइन में आ गया है। IRNSS-1G का प्रशिक्षण श्री हरिकोटा में सफलता पूर्वक किया गया। IRNSS-1G इसरो का सातवां नेवीगेशन सैटेलाइट है। इसरो ने अपने नेवीगेशन सैटेलाइट के सफल प्रशिक्षण के साथ ही स्वदेशी जीपीएस में भी कामयाबी हासिल कर ली है।

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भारत के इतिहास में साल 2016 सुनहरे अक्षरों में लिखा जाता सकता है यदि वैज्ञानिकों की 17 की मेहनत IRNSS 1 G सैटेलाइट पृथ्वी की कक्षा में स्थापित हो जाता है तो यह पुरे भारत के लिए गर्व की बात होगी जिसकी सहायता से यातायात काफी सुगम हो जायेगा। इस कामयाबी से हम सभी जगहों की लोकेशन बता सकते है। इस कामयाबी के साथ ही भारत के पास जीपीएस सिस्टम की सुविधा होगी ।

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भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दिल्ली से इस मिशन पर नजरे जमाए बैठे थे, मोदी ने IRNSS-1G के सफल प्रशिक्षण पर सभी को बधाई दी है। IRNSS-1G के प्रशिक्षण के बाद मोदी ने कहा अब हम अपने रास्ते खुद बनाएगे, कब जाना है कैसे जाना है अब सब कुछ हमारी तकनीक के आधार पर तय होगा ।

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