Inspiration Story, Motivational, Story

June 27, 2016

जब पिता लाता है बेटी के लिए ग्राहक…

Tags: , , , , ,

हमारे देश मे आज भी एसे गाव शहर है जहा बेटियाँ होने पर उन्हे मार दिया जाता, या फिर कूड़े कचरे मे फेक दिया जाता है। लेकिन किता आपको पता भारत देश मे ही कुछ गाव ऐसे है जहा लड़की होने पर जश्न मनाया जाता है। लड़की पेदा होने पर ऐसा लगता है मानो वह दिन किसी चीज त्योहार से कम नहीं, लेकिन क्या आपको पता है की इस खुशी के पीछे का राज क्या है? लड़कियो के पेड़ा होने पर जश्न इसलिए मनाया जाता है की ताकि वह उसे वेश्यावृति के धंधे मे डाल कर अपनी जीविका को आगे बड़ा सकेंगे।

tribe prostitution is tradition and-Family-bring-daughters-clients (2)

भारत देश मे महिलाए देश का नाम रोशन कर रही है। लेकिन यह सिक्के का सिर्फ एक पहलू है दूसरे पहलू को देखने पर लगता है की देश मे सबसे ज्यादा महिलाओ की स्थिति खराब है। भारत मे कई गाव राज्य ऐसे है जहा जिस्म का नंगा खेल खुलेआम खेला जाता है। महिलाओ को जिस्म का धंधा करने पर ओर कोई नहीं माता पिता ही दबाव डालते है। महिलाए परिवार के सदस्यो के सामने अपने जिस्म का सोदा करती है।

वेश्यावृति के इस गंदे धंधे की बात सिर्फ मध्य प्रदेश की की जाए तो रतलाम, मंदसोर,नीमच जेसे कई जिलो मे यह धंधा खुल्लेआम हो रहा है। मध्य प्रदेश मे कई स्थान वेश्यावृति के लिए मशहूर है जहा पर बिना रोक टोक महिलाए अपने जिस्म का सोदा करती है। हमारे समाज मे शारीरिक संबंध बनाने की बात सार्वजनिक करना पाप माना जाता है। लेकिन इन जगह पर इस तरह की बाते करना आम बात है। शायद आपकी जानकार हेरनी होगी लेकिन जिस्म बेचने का यह गोरख धंधा पिछले 200 वर्षों बेटियाँ कर रही है। इस समुदाय के लोगो का कहना है वेश्यावृति करना हमारे परिवार की परंपरा है। इन समुदाय के व्यक्तियों के पास वेश्यावृति ही अपनी जीविका चलाने का एकमात्र जरिया है।

जानकारी के अनुसार इन समुदाय के लोगो की पुरानी प्रथा है की परिवार मे जिस लड़की ने सबसे पहले जन्म लिया है उसे इस गंदे कम को करना होगा क्यो की उनकी जीविका का यह एकमात्र सहारा होता है। मालवा के कई स्थानो पर जिस्म्फ़रोशी का बाजार लगता है। यहा पर परिवार के सदस्य ही ग्राहक का रास्ता देखते है। समुदाय का रिवाज है की यदि कोई लड़का शादी करना चाहता है तो लड़की वालो को 15 लाख रुपए देना अनिवार्य होता है इस प्रथा के चलते इस समुदाय के कई लड़के कूवारे ही रह जाते है।